mastkavita
सोमवार, 6 अक्टूबर 2008
sabd
शब्द होते है
पढने के लिए
शब्द होते है
गढ़ने के लिए
शब्द सीमा में
बांधे नही जाते
शब्द होठो से कहे नही जाते
शब्द अभूझपहेली है
शब्द तेरी मेरी
सहेली है
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मेरे बारे में
ravishankar
i ravi prakash keshari from varanasi. i am freelance writer & journlist. i have won nav sakshar sahitya lekhan award in 2005. i have doing writing in various news paper & magazine since 12 years.
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